मास्को: रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने यूक्रेन को चेतावनी देते हुए कहा है कि तनाव बढ़ाने या उकसावे की कार्रवाई करने से कीव (यूक्रेन) को मनचाहा नतीजा नहीं मिलेगा, बल्कि इससे उसकी स्थिति और अधिक खराब हो जाएगी। एक प्रेस ब्रीफिंग के दौरान पुतिन ने स्पष्ट किया कि युद्ध क्षेत्र में उकसावे वाले कदम उठाना यूक्रेन के लिए ही नुकसानदेह साबित होगा।
रूसी कार्रवाई के बाद सीजफायर की मांग
राष्ट्रपति पुतिन ने कहा कि रूस द्वारा हाल में की गई सैन्य कार्रवाइयों के बाद ही यूक्रेन की ओर से ऊर्जा बुनियादी ढांचों और हवाई हमलों से जुड़े कुछ क्षेत्रों में सीजफायर (युद्धविराम) समझौतों की बात उठाई जाने लगी है।
उन्होंने आरोप लगाया कि यूक्रेन की ओर से किए जा रहे हमलों और अभियानों के जवाब में ही रूस ने यह कदम उठाए हैं। पुतिन के अनुसार:
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यूक्रेन ने काला सागर (Black Sea) में रूसी जहाजों और नौसैनिक रास्तों की नाकाबंदी करने की कोशिश की थी।
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यूक्रेन के हमलों में काला सागर में 100 से अधिक जहाजों को नुकसान पहुंचा है।
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रूस ने नागरिक बुनियादी ढांचों और भंडारण सुविधाओं (Storage Facilities) पर हुए हमलों के जवाब में जवाबी कार्रवाई शुरू की है।
अन्य प्रमुख घटनाक्रम
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अमेरिकी प्रतिबंधों पर रूस का रुख: अमेरिका द्वारा रूस के ऊर्जा और रक्षा क्षेत्र तथा ‘शैडो फ्लीट’ टैंकरों पर लगाए गए नए प्रतिबंधों पर क्रेमलिन (रूसी राष्ट्रपति भवन) के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि रूस इन प्रतिबंधों के साथ ढल चुका है और इसके प्रभावों को कम करने के तरीके खोज लिए हैं।
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ट्रंप-जेलेंस्की बैठक: वहीं दूसरी ओर, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोडिमिर जेलेंस्की ने कहा है कि उनकी अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से बात हुई है और दोनों नेता न्यूयॉर्क में बैठक करने पर सहमत हुए हैं, जिससे शांति प्रयासों को नया कूटनीतिक मोमेंटम मिल सकता है।
