नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली के मालवीय नगर स्थित हौज रानी इलाके में हुए भीषण अग्निकांड ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। लेमन ग्रीन रेस्टोरेंट और उससे जुड़े आवासीय परिसर में लगी आग में अब तक 21 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है, जबकि कई लोग घायल हुए हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि परिसर को बेड एंड ब्रेकफास्ट (B&B) सुविधा के रूप में संचालित करने के लिए केवल 6 कमरों की अनुमति मिली थी, लेकिन कथित तौर पर यहां 25 कमरे बनाए गए थे। इनमें कुछ कमरे बेसमेंट में भी संचालित किए जा रहे थे, जिससे सुरक्षा मानकों की अनदेखी की आशंका जताई जा रही है। बुधवार सुबह आग लगने के बाद पूरे परिसर में अफरा-तफरी मच गई। देखते ही देखते धुआं और लपटें पूरी इमारत में फैल गईं। कई लोग जान बचाने के लिए ऊपरी मंजिलों की ओर भागे, जबकि कुछ ने इमारत से छलांग लगाकर खुद को बचाने का प्रयास किया।
सूचना मिलते ही दमकल विभाग, पुलिस और आपदा प्रबंधन की टीमें मौके पर पहुंचीं। आग बुझाने के लिए 10 फायर टेंडर तैनात किए गए। राहत एवं बचाव अभियान के दौरान अब तक 37 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया है।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, 11 घायलों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। प्रशासन को आशंका है कि कुछ लोग अब भी इमारत के अंदर फंसे हो सकते हैं, इसलिए तलाशी और बचाव अभियान जारी है।
एसडीएम जितेंद्र कुमार ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही डीडीएमए सेल को सक्रिय कर दिया गया था। शुरुआती जानकारी के मुताबिक ग्राउंड फ्लोर पर रेस्टोरेंट संचालित हो रहा था। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है। फोरेंसिक और विशेषज्ञ टीमों को जांच के लिए लगाया गया है और रिपोर्ट आने के बाद ही हादसे की असली वजह स्पष्ट हो सकेगी।
