नई दिल्ली/ग्रेटर नोएडा: ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे पर हुए भीषण बस अग्निकांड पर देश के शीर्ष नेतृत्व ने गहरा शोक व्यक्त किया है। इस दर्दनाक हादसे में 9 यात्रियों की जिंदा जलने और दम घुटने से मौत हो गई, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति ने जताया दुख
-
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे पर हुई यह बस दुर्घटना अत्यंत हृदयविदारक है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त कीं और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
-
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने भी इस घटना पर गहरा शोक प्रकट किया और पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं जताईं।
प्रधानमंत्री मोदी ने की मुआवजे की घोषणा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस भीषण हादसे पर दुख व्यक्त करते हुए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय राहत कोष (PMNRF) से पीड़ितों के लिए सहायता राशि का ऐलान किया है:
-
मृतकों के परिजनों के लिए: ₹2-2 लाख की अनुग्रह राशि (Ex-gratia)
-
घायलों के लिए: ₹50-50 हजार की आर्थिक सहायता
प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने सोशल मीडिया पर संदेश जारी कर कहा कि स्थानीय प्रशासन घायलों को हर संभव सहायता और चिकित्सा उपचार प्रदान कर रहा है।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?
-
घटना स्थल: हादसा बुधवार देर रात यमुना एक्सप्रेसवे पर जेवर थाना क्षेत्र के किलोमीटर 33 के पास हुआ, जब दिल्ली के कश्मीरी गेट से महोबा जा रही एक डबल डेकर बस में अचानक आग लग गई।
-
संभावित कारण: शुरुआती जांच के अनुसार, बस के एसी (AC) में स्पार्क या ब्लास्ट के कारण इंजन के लुब्रिकेंट ऑयल ने आग पकड़ ली थी। देखते ही देखते आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया।
-
रेस्क्यू ऑपरेशन: पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमों ने मौके पर पहुंचकर 30 से अधिक यात्रियों को सुरक्षित निकाला।
-
कार्रवाई: पुलिस ने इस मामले में लापरवाही बरतने के आरोप में बस चालक और परिचालक के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें हिरासत में ले लिया है।
