लखनऊ: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने राजस्व विभाग में तैनात लेखपालों को बड़ा तोहफा दिया है। शासन ने राज्य के 455 लेखपालों को पदोन्नत (प्रमोट) कर ‘राजस्व निरीक्षक’ (Revenue Inspector / कानूनगो) के पद पर तैनात करने का निर्णय लिया है।
1. खाली पड़े पदों को भरने की पहल
प्रदेश में काफी समय से राजस्व निरीक्षकों के कई पद खाली चल रहे थे, जिससे जमीन की पैमाइश, सीमांकन और अन्य राजस्व संबंधी कार्यों में देरी हो रही थी। इस पदोन्नति से न केवल लेखपालों का लंबे समय से चला आ रहा इंतजार खत्म हुआ है, बल्कि विभागीय कामकाज में भी तेजी आएगी।
2. वरिष्ठता और मानकों के आधार पर हुआ चयन
राजस्व परिषद (Revenue Board) द्वारा तैयार की गई वरिष्ठता सूची और पात्रता मानकों के आधार पर इन लेखपालों का चयन किया गया है। पदोन्नति की प्रक्रिया पूरी होने के बाद जल्द ही सभी पदोन्नत अधिकारियों को उनके नए तैनाती स्थलों पर जिम्मेदारी सौंप दी जाएगी।
3. आम जनता को मिलेगा लाभ
इस फैसले से आम नागरिकों और किसानों को सीधा फायदा पहुंचेगा:
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त्वरित निस्तारण: भूमि विवादों, सीमांकन और पैमाइश के मामलों का तेजी से निपटारा हो सकेगा।
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तहसील स्तर पर मजबूती: राजस्व निरीक्षकों की संख्या बढ़ने से तहसील और ग्रामीण स्तर पर प्रशासनिक व्यवस्था और अधिक मजबूत होगी।
