महोबा : उत्तर प्रदेश में बुधवार की देर शाम आए तेज आंधी-तूफान ने कहर बरपाया. कई जगह बड़े-बड़े पेड़ जड़ से उखड़ गए, वहीं कई जगह कच्चे घर जमींदोज हो गए. घरों की दीवारें गिरने की भी कई घटनाएं हुई हैं. मलबे में दबकर कई लोगों की मौत हो गई है. उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों में इस आंधी-तूफान के कारण 61 लोग काल के गाल में समा गए हैं. प्रदेश में कई जगह आकाशीय बिजली गिरने की घटनाएं भी हुई हैं.
यूपी के भदोही जिले में भीषण आंधी तूफान की वजह से हुई घटनाओं के कारण 15 लोगों की मौत हो गई और आठ लोग घायल हो गए. इस प्राकृतिक आपदा से 16 मवेशियों की भी जान गई है. शाम को करीब 5 बजकर 30 मिनट पर मौसम ने अचानक करवट ली और तेज हवाएं चलने लगीं. इस भीषण आंधी तूफान के कारण जिले के अलग अलग क्षेत्रों में पेड़ और बिजली के पोल गिरने की घटनाएं हुई हैं.
भदोही में कई जगह पेड़ गिरने की घटनाएं हुई हैं, जिनकी चपेट में आकर 15 लोगों की जान चली गई है. भदोही के सुरियावां थाना क्षेत्र के खरगसेनपट्टी में एक मकान पर पेड़ गिर जाने के कारण एक महिला और उसकी दो बेटियों की मौत हो गई. औराई थाना क्षेत्र में पेड़ गिरने से उसके नीचे खड़े लोगों की जान चली गई.
जिलाधिकारी शैलेश कुमार ने आंधी-तूफान के कारण हुई घटनाओं में 15 लोगों की मौत की पुष्टि की है और कहा है कि आठ लोग घायल हुए हैं. घायलों को अलग-अलग स्वास्थ्य केंद्रों में इलाज के लिए भर्ती कराया गया है. तीन की हालत गंभीर देख बीएचयू (वाराणसी) के लिए रेफर कर दिया गया है. जिलों के लिहाज से देखें, तो प्रयागराज में 17 और मिर्जापुर में 10 लोगों की मौत हुई है.
मिर्जापुर में तेज आंधी-तूफान के कारण 10 मौतों की पुष्टि जिला प्रशासन ने कर दी है. मौत की सात घटनाएं अकेले मिर्जापुर सदर तहसील में हुई हैं. चुनार तहसील में तीन लोगों की मौत हुई है. जिले में कई जगह पेड़, बिजली के खंभे और दीवार गिरने की घटनाएं हुई हैं. फतेहपुर जिले में नौ, प्रतापगढ़ में चार, देवरिया और हरदोई जिले में दो-दो, कानपुर देहात और कौशांबी जिलों में एक-एक लोगों की मौत हुई है.
