कंधार / काबुल: अफगानिस्तान और पाकिस्तान को अलग करने वाली डूरंड लाइन पर एक बार फिर स्थिति बेहद तनावपूर्ण हो गई है। बलूचिस्तान के किला अब्दुल्ला जिले के गुलिस्तान सेक्टर में दोनों पक्षों के बीच भारी गोलीबारी हुई है। अफगान मीडिया और तालिबान प्रशासन के दावों के मुताबिक, तालिबान लड़ाकों की कड़ी जवाबी कार्रवाई के बाद पाकिस्तानी सैनिकों को अपनी कई सीमा चौकियां (Border Outposts) छोड़कर पीछे हटना पड़ा।
तनाव की मुख्य वजह
यह हिंसक झड़प पाकिस्तान द्वारा अफगानिस्तान के सीमावर्ती इलाकों पर किए गए हवाई व ड्रोन हमलों के बाद शुरू हुई। तालिबानी सरकार का आरोप है कि पाकिस्तान ने बिना किसी ठोस सबूत के अफगान क्षेत्र में 10 अलग-अलग ठिकानों को निशाना बनाया, जिसमें 4 आम नागरिकों की मौत हो गई। इसके विरोध में तालिबान ने सीमा पर मोर्चा खोल दिया।
दोनों पक्षों के दावे
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अफगानिस्तान (टोलो न्यूज के अनुसार): तालिबान के कड़े हमले के बाद पाकिस्तानी सैनिकों ने कंधार के पास स्पिन बोल्डक, रेगिस्तान और शोराबाक क्षेत्रों की अपनी चौकियां खाली कर दीं। स्पिन बोल्डक के ‘सरो सानो’ इलाके में हुई झड़प में 4 पाकिस्तानी सैनिकों के मारे जाने और एक सैन्य चौकी के नष्ट होने का दावा किया गया है।
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पाकिस्तान (एसोसिएटेड प्रेस ऑफ पाकिस्तान के अनुसार): पाकिस्तान का कहना है कि तालिबानी लड़ाकों ने गुलिस्तान सेक्टर के रास्ते सीमा पार करने की कोशिश की थी, जिसे पाक सेना ने नाकाम कर दिया। इस दौरान कई लड़ाके मारे गए।
(दोनों ओर से किए गए इन दावों की किसी स्वतंत्र स्रोत से आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है।)
तालिबान की चेतावनी
अफगान सरकार के मुख्य प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने पाकिस्तान के इस कदम पर सख्त आपत्ति जताते हुए कहा कि काबुल इस उकसावे का मुंहतोड़ जवाब देगा। उन्होंने आरोप लगाया कि पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जारी ‘मक्का पैक्ट’ की अपनी जवाबदेही से बचने के लिए जानबूझकर युद्ध का माहौल तैयार कर रहा है।
वर्तमान स्थिति: डूरंड लाइन से मात्र 8 किलोमीटर दूर स्थित रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण गुलिस्तान इलाके में भारी तनाव है और दोनों ओर से रुक-रुक कर भारी गोलाबारी जारी है।
