नई दिल्ली : अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव के लिए काउंटडाउन शुरू हो चुका है. पांच नवंबर को राष्ट्र अपना नया राष्ट्रपति चुनेगा. लेकिन इससे पहले एडवांस वोटिंग हो रही है, जिसे लेकर असमंजस की स्थिति भी पैदा हो गई है क्योंकि दोनों उम्मीदवारों डोनाल्ड ट्रंप और कमला हैरिस के बीच कांटे की टक्कर बताई जा रही है.
यूनिवर्सिटी ऑफ फ्लोरिडा इलेक्शन लैब के डेटा के मुताबिक, अमेरिका में अब तक 3 करोड़ लोग एडवांस वोटिंग कर चुके हैं. इनमें से अधिकतर वोटिंग मेल के जरिए हुई है.
प्री-पोल में अब तक 3 करोड़ लोगों ने डाला वोट
अमेरिका में राष्ट्रपति चुनाव से पहले हुए प्री-पोल के दौरान अब तक लगभग 3 करोड़ लोग वोटिंग कर चुके हैं. अमेरिका में एडवांस वोटिंग भी आम चुनावों की तरह डाक या फिर व्यक्तिगत तौर पर पोलिंग सेंटर पर जाकर होती है.
कई राज्यों में यह एडवांस वोटिंग हो चुकी है जबकि कई जगह हो रही है. इस बार की एडवांस वोटिंग के शुरुआती सर्वे में रिपब्लिकन को बढ़त मिलती नजर आ रही है जबकि इससे पहले तक डेमोक्रेट्स आगे रहती थी.
टूट सकता है 2020 का रिकॉर्ड!
इस बार भी जैसे-जैसे चुनाव के दिन नजदीक आ रहे हैं, एडवांस पोलिंग बढ़ती जा रही है. इस बार प्री-पोल वोटिंग में लोग बड़ी संख्या में वोट कर रहे हैं. माना जा रहा है कि 2020 में हुई एडवांस वोटिंग का रिकॉर्ड इस बार टूट सकता है. उस समय 10 करोड़ लोगों ने एडवांस वोटिंग की थी.
MIT इलेक्शन डेटा एंड साइंस लैब के अनुसार, 2020 में लगभग 60 फीसदी डेमोक्रेट और 32 फीसदी रिपब्लिकन मतदाताओं ने मेल के जरिए वोट दिया था. पिछले चुनाव में प्री-पोल में बाइडेन को इसका फायदा मिला था. वहीं, ट्रंप ने एडवांस पोलिंग को लेकर कई बार आपत्ति जताई थी. उन्होंने कहा था कि मेल के जरिए मतदान में धोखाधड़ी की संभावना होती है.
प्री-पोल सर्वे में ट्रंप को 47 फीसदी जबकि कमला हैरिस को 45 फीसदी वोट मिले हैं. ये सर्वे 19 से 22 अक्तूबर के बीच 1500 रजिस्टर्ड वोटर्स के बीच किया गया था. इस सर्वे में कमला हैरिस की तुलना में ट्रंप को तरजीह दी.