नई दिल्ली : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यूक्रेन-रूस युद्ध में नया मोड़ ला दिया है. गुरुवार को रूस ने यूक्रेन पर एक महीने बाद सबसे बड़ा हवाई हमला किया, जिसमें एक अमेरिकी कंपनी की फैक्ट्री भी निशाना बनी. खास बात है कि इस हमले के बाद ट्रंप ने यूक्रेन को रूस पर जवाबी हमला करने का खुला आदेश दे दिया. राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार को यूक्रेन को सैन्य रूप से आक्रामक रुख अपनाने का सुझाव दिया. अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट में, ट्रंप ने लिखा, ‘किसी आक्रमणकारी देश पर हमला किए बिना युद्ध जीतना अगर असंभव नहीं, तो बहुत मुश्किल जरूर है.’
रूसी सेना ने गुरुवार तड़के यूक्रेन पर 574 ड्रोन और 40 क्रूज व बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया. इन हमलों में यूक्रेन के पांच शहरों और दक्षिणी मोर्चे के पास जापोरिज्जिया शहर को निशाना बनाया गया. सबसे बड़ा हमला मुकाचेवो शहर में हुआ, जो हंगरी सीमा से सिर्फ 30 किलोमीटर दूर है. यहां एक अमेरिकी कंपनी फ्लेक्स की फैक्ट्री पर मिसाइल दागी गई, जिसमें 19 लोग घायल हो गए. इस फैक्ट्री में कॉफी मशीन जैसे सामान्य घरेलू सामान बनाए जाते हैं, जो रक्षा या सैन्य गतिविधियों से जुड़ी नहीं है.
It is very hard, if not impossible, to win a war without attacking an invaders country. It’s like a great team in sports that has a fantastic defense, but is not allowed to play offense. There is no chance of winning! It is like that with Ukraine and Russia. Crooked and grossly…
— Trump Truth Social Posts On X (@TrumpTruthOnX) August 21, 2025
क्या बोले डोनाल्ड ट्रंप
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने कहा, ‘रूस ने एक आम नागरिक कारोबार को निशाना बनाया, जो अमेरिकी निवेश से चल रहा था. यह दिखाता है कि रूस शांति की बात करने को तैयार नहीं है.’ हमले के तुरंत बाद ट्रंप ने अपनी सोशल मीडिया साइट ट्रुथ सोशल पर लिखा, ‘बिना आक्रमण करने वाले देश पर हमला किए युद्ध जीतना मुश्किल है. यूक्रेन को सिर्फ बचाव करने की इजाजत देना गलत है.’उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडेन की नीति की आलोचना की, जो यूक्रेन को अमेरिकी हथियारों से रूस पर हमला करने से रोकती थी. ट्रंप ने कहा, ‘अगर मैं राष्ट्रपति होता, तो यह युद्ध कभी शुरू ही नहीं होता. अब दिलचस्प समय आने वाला है!’
पुतिन की फोटो शेयर की
ट्रंप ने एक तस्वीर भी साझा की, जिसमें वे रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन को उंगली दिखाते नजर आए. यह तस्वीर 1950 के दशक में अमेरिकी नेता रिचर्ड निक्सन और सोवियत नेता निकिता ख्रुश्चेव की मुलाकात की याद दिलाती है. इसी तरह वह उन्हें उंगली दिखा रहे थे. इस तस्वीर के जरिए माना जा रहा है कि ट्रंप यह दिखाना चाहते हैं कि अमेरिका रूस से ज्यादा ताकतवर है. हाल ही में ट्रंप ने पुतिन और जेंलेंस्की के साथ अलग-अलग मुलाकातें की थीं, ताकि युद्ध खत्म करने के लिए शांति वार्ता शुरू हो सके. लेकिन रूस के ताजा हमले से शांति की राह मुश्किल है.