लंदन : विश्वास, उल्लास…. ओवल में भारत और इंग्लैंड के बीच आखिरी टेस्ट से चंद घंटे पहले की लाइन इन शब्दों से बेहतर बयां नहीं की जा सकती. पांचवें दिन की सुबह भारतीय गेंदबाज इंग्लैंड को 35 रन बनाने से रोकने और चार विकेट चटकाने के इरादे से मैदान पर उतरे. जल्द ही मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा ने माहौल बदला और भारत को छह रन से ऐतिहासिक जीत दिला दी.
मैदान पर खुशी की लहर दौड़ गई. खिलाड़ियों ने एक-दूसरे को गले से लगा लिया तो इंडियन ड्रेसिंग रूम में भी जश्न का माहौल था. बीसीसीआई के सोशल मीडिया पर हैंडल पर सेलिब्रेशन का वीडियो शेयर किया गया है. इस वीडियो ने सब कुछ समेटा हुआ है. तनाव, पीड़ा, खुशी, निराशा और अंत में जश्न… टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर किसी बच्चे की तरह कूद रहे हैं.
खुशी का कोई ठिकाना नहीं था
110 सेकंड के इस वीडियो में सन्नाटा है. डर है. छटपटाहट है. जीत की बेसब्री है और है खूब सारा इमोशन. सिर्फ गौतम गंभीर ही बच्चों की तरह जश्न नहीं मना रहे थे बल्कि भारत के सहायक कोच रयान टेन डोएशेट भी उछल रहे थे. बॉलिंग कोच मोर्ने मोर्कल ने तो गंभीर को गोद में उठा लिया. भारत के फिजियो एड्रियन ले रॉक्स स्थिर खड़े नहीं रह सके. आखिरकार, वे सभी एक-दूसरे से गले मिले.
20 जून से शुरू हुई थी सीरीज
दो महीने की कड़ी मेहनत, प्लानिंग, खून-पसीना, टूटी उंगलियां और हड्डियां सब कुछ याद आ रहा था. ये भारत के टेस्ट इतिहास की सबसे कम अंतर से मिली ये जीत सीरीज ड्रॉ करने में मददगार थी. एक ऐसा ड्रॉ जो 100 जीत से भी बड़ा लगता है.