लखनऊ: 25 अप्रैल, 2026 “विश्व पशुचिकित्सा दिवस” के अवसर पर आज यहां अटल बिहारी वाजपेयी कन्वेंशन सेंटर में उ०प्र० पशु चिकित्सा संघ द्वारा भव्य अधिवेशन एवं सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के पशुधन विकास, दुग्ध विकास एवं राजनीतिक पेंशन विभाग के कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पशुचिकित्सक केवल पशुओं के उपचारकर्ता ही नहीं, बल्कि पशुधन, खाद्य सुरक्षा और जनस्वास्थ्य के सच्चे संरक्षक हैं। उन्होंने कहा कि “विश्व पशुचिकित्सा दिवस” का आयोजन पूरी दुनिया में पशु चिकित्सकों के समर्पण, सेवा और योगदान के सम्मान में किया जाता है।

कैबिनेट मंत्री श्री सिंह ने कहा कि इस वर्ष विश्व पशु चिकित्सा दिवस की थीम “Veterinarians: Guardians of Food and Health” अत्यंत प्रासंगिक है। यह विषय स्पष्ट करता है कि पशुचिकित्सकों की भूमिका केवल पशु चिकित्सा तक सीमित नहीं है, बल्कि स्वस्थ पशुधन के माध्यम से सुरक्षित दुग्ध, पोषण, खाद्य श्रृंखला की मजबूती तथा मानव स्वास्थ्य की सुरक्षा से भी जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि यदि पशुधन स्वस्थ और उत्पादक रहेगा तो किसानों एवं पशुपालकों की आय में वृद्धि होगी और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

श्री सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश जैसे विशाल राज्य में पशुपालन ग्रामीण अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। लाखों परिवार अपनी आजीविका के लिए पशुधन पर निर्भर हैं। ऐसे में पशु चिकित्सकों, पैरावेट कर्मियों एवं विभागीय अधिकारियों की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है। उन्होंने सभी पशु चिकित्सकों से आह्वान किया कि वे सेवा भावना, संवेदनशीलता और पूर्ण निष्ठा के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें, ताकि प्रदेश का पशुधन अधिक स्वस्थ, सुरक्षित और समृद्ध बन सके।

श्री सिंह ने विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि राज्य सरकार द्वारा संचालित पशुपालन एवं दुग्ध विकास योजनाओं का लाभ अंतिम छोर तक पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से पशुपालकों की आय बढ़ेगी, ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे तथा आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के संकल्प को नई गति मिलेगी। उन्होंने पशु चिकित्सकों, पशुपालकों एवं पशुधन क्षेत्र से जुड़े सभी कर्मियों को विश्व पशु चिकित्सा दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं भी दीं।

इस अवसर पर गो सेवा आयोग के अध्यक्ष श्री श्याम बिहारी गुप्त ने पशु चिकित्सकों को बधाई देते हुए कहा कि राज्य सरकार की गौसंरक्षण, पशुधन संवर्धन एवं ग्रामीण समृद्धि योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में पशु चिकित्सा अधिकारियों का अमूल्य योगदान है। उन्होंने कहा कि पशुधन संरक्षण और संवर्धन के लिए पशु चिकित्सकों की सेवाएं सदैव प्रेरणादायी रही हैं।

कार्यक्रम में पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री मुकेश कुमार मेश्राम ने उ०प्र० पशु चिकित्सा संघ को सफल आयोजन के लिए बधाई दी तथा विभाग और संघ के बीच बेहतर समन्वय के माध्यम से पशु स्वास्थ्य सेवाओं को और सुदृढ़ बनाने पर बल दिया।
इस अवसर पर पशुपालन विभाग के निदेशक (प्रशासन एवं विकास) डॉ. मेम पाल सिंह, निदेशक (रोग नियंत्रण एवं प्रक्षेत्र) डॉ. राजेंद्र सहित बड़ी संख्या में पशु चिकित्सक, विभागीय अधिकारी एवं गणमान्यजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन उ०प्र० पशु चिकित्सा संघ के अध्यक्ष डॉ. सुधीर कुमार ने किया।
