लखनऊ, 8 मार्च अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर लेट्स गिव होप फाउंडेशन द्वारा “नेतृत्व महिला कौशल विकास कार्यक्रम 2025 का आयोजन किया गया। यह विशेष कार्यशाला महिलाओं के आजीविका विकास, कौशल संवर्धन और उद्यमिता के अवसरों को समर्पित थी। कार्यक्रम का आयोजन राय उमा नाथ बली ऑडिटोरियम, भातखंडे संस्कृति विश्वविद्यालय, कैसरबाग, लखनऊ में किया गया, जहाँ विभिन्न क्षेत्रों के प्रेरणादायक विशेषज्ञों ने महिलाओं से संवाद किया और उन्हें आत्मनिर्भरता एवं सतत आय के अवसरों की ओर प्रेरित किया। कार्यक्रम के दौरान लखनऊ के 28 महिलाओं और 9 पुरुषों को उनके अपने क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान और उपलब्धियों के लिए “सक्षम भारत अवार्ड – 2026” से सम्मानित किया गया। इन सभी प्रतिभाओं ने पारिवारिक जिम्मेदारियों के साथ-साथ अपने पेशेवर जीवन में भी उल्लेखनीय सफलता प्राप्त कर समाज के लिए प्रेरणा प्रस्तुत की है।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री प्रकाश डी., आईपीएस, महानिदेशक रेलवेज, उत्तर प्रदेश, विशिष्ट अतिथि सुश्री अर्चना येमेश्वरी, सीएचआरओ- एचपीसीएल एवं मास्टर सर्टिफाइड कोच (ICF), डॉ. अमित कुमार राय, उपनिदेशक, दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग, उत्तर प्रदेश तथा विशेष अतिथि लोकगायिका सुश्री संजोली पांडेय की गरिमामयी उपस्थिति रही।
कार्यक्रम की शुरुआत सृष्टि सिंह द्वारा प्रस्तुत गणेश वंदना नृत्य से हुई, जिसने पूरे कार्यक्रम को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक वातावरण प्रदान किया। इसके साथ ही महिला दिवस के अवसर पर सुश्री संजोली पांडेय नै लोकगीत प्रस्तुत कर अपनी मधुर प्रस्तुति से उपस्थित जनों को मंत्रमुग्ध कर दिया, जिसे दर्शकों ने खूब सराहा।
कार्यशाला के दौरान विशेषज्ञों ने कौशल आधारित आजीविका और उद्यमिता के विषय में महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। प्रसिद्ध पेशेवरों में पेस्ट्री शेफ शिल्पी सक्सेना, मेकअप आर्टिस्ट लक्ष्मी राजपूत और फैशन डिजाइनर मौसमी ने प्रतिभागियों से संवाद करते हुए बताया कि किस प्रकार अपनी प्रतिभा और कौशल को एक सफल करियर या घर से संचालित व्यवसाय में बदला जा सकता है।
सक्षम भारत अवार्ड से सम्मानित प्रमुख महिलाओं में शिक्षाविद् डॉ. शमा महमूद, डॉ. मल्लिका सक्सेना, डॉ. शीतल वर्मा, सोनिया चौधरी, एसआई आरती वर्मा, डॉ. मिताली निगम, गिरिजा सिंह, शन्नो राय, अर्चना मिश्रा, शेफ ऋतु जायसवाल, अमृता सक्सेना, विजैता श्रीवास्तव, मल्लिका श्रीवास्तव, विभा जायसवाल, मोनिशा मित्रा, तंद्रा मित्रा, कथक प्रो. रजनी वर्मा तथा सुधा बाजपेयी शामिल रहीं।
इसके अतिरिक्त सुश्री संध्या गुप्ता, ममता विश्वकर्मा, नेहा पांडेय, आकांक्षा तिवारी और कोमल रावत को भी सम्मानित किया गया। वहीं अभिषेक गौतम, अशोक कुमार, हिमांशु चतुर्वेदी, रमेश चंद्र सिंह, संजय गौतम, प्रदीप यादव, अभिषेक नीर, नितेश केशरवानी और अधिवक्ता विशाल कश्यप को भी उनके कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।
अपने संबोधन में मुख्य अतिथि श्री प्रकाश डी., आईपीएस ने कहा कि महिलाओं को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए और अपने जीवन को सशक्त एवं स्थिर बनाने के लिए निरंतर प्रेरित रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि NETRITVA जैसे कार्यक्रम महिलाओं को नई कौशल सीखने और आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करते हैं, इसलिए ऐसे कार्यक्रम नियमित रूप से आयोजित होते रहने चाहिए ताकि अधिक से अधिक महिलाएँ लाभान्वित हो सकें।
इस दौरान सुश्री अर्चना येमेश्वरी मुंबई से ऑनलाइन कार्यक्रम से जुड़ी और महिलाओं को प्रेरित करते हुए कहा कि उन्हें अपने व्यक्तिगत विकास, आत्मविश्वास और जीवनशैली को बेहतर बनाने पर ध्यान देना चाहिए ताकि वे अपने पेशेवर लक्ष्यों को भी सफलतापूर्वक प्राप्त कर सकें। इसके बाद डॉ. अमित कुमार राय ने भी कार्यक्रम के प्रति अपने विचार व्यक्त किए और लेट्स गिव होप फाउंडेशन द्वारा महिला सशक्तिकरण के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे सार्थक कार्यक्रमों का हिस्सा बनकर उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हुई और भविष्य में भी संस्था को इसी प्रकार के कार्यक्रम आयोजित करते रहना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान लेट्स गिव होप फाउंडेशन के संस्थापक एवं अध्यक्ष श्री आशीष मौर्य ने संस्था की उस परिकल्पना के बारे में बताया जिसके तहत पूरे प्रदेश में “सक्षम स्किल सेंटर स्थापित किए जाने की योजना है, जहाँ मध्यम एवं निम्न आय वर्ग की महिलाओं और युवाओं को कौशल आधारित प्रशिक्षण और शिक्षा प्रदान की जाएगी।
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कार्यक्रम की थीम “महिलाओं के आजीविका विकास के अवसर कौशल, आत्मविश्वास और सतत आय के लिए प्रेरणा रही। इस कार्यशाला का उद्देश्य विशेष रूप से मध्यम वर्ग और ग्रामीण पृष्ठभूमि की महिलाओं को प्रेरित करना था ताकि वे अपनी प्रतिभा को पहचान कर उसे आय के
