नई दिल्ली । नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका के बीच हुई ट्रेड डील पर सवाल उठाए और कहा कि भारत स्थिरता वाली दुनिया से अस्थिरता वाली दुनिया की ओर बढ़ रहा है। लोकसभा में राहुल गांधी ने कहा, “मैं इकोनॉमिक सर्वे देख रहा था। मुझे दो खास बातें मिलीं। पहली, हम एक ऐसी दुनिया में रह रहे हैं जहां जियोपॉलिटिकल लड़ाई तेज हो रही है। चीन, रूस और दूसरी ताकतें अमेरिका के दबदबे को चुनौती दे रही हैं। दूसरी, हम एनर्जी और फाइनेंशियल हथियारों की दुनिया में रह रहे हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि हम स्थिरता वाली दुनिया से अस्थिरता वाली दुनिया की ओर बढ़ रहे हैं।” कांग्रेस सांसद ने कहा, “प्रधानमंत्री और एनएसए ने कहा है कि युद्ध का दौर खत्म हो गया है। असल में, हम युद्ध के दौर में जा रहे हैं। इसलिए हम अस्थिरता वाली दुनिया में जा रहे हैं।” संसद में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कहा, “…मैं कह रहा हूं कि आपने भारत बेच दिया है। क्या आपको भारत बेचने में शर्म नहीं आती? आपने हमारी मां, भारत माता को बेच दिया है। मज़ेदार बात यह है कि मुझे पता है कि आम हालात में प्रधानमंत्री भारत को नहीं बेचते। आपको पता है उन्होंने भारत क्यों बेचा? क्योंकि वे उनका गला घोंट रहे हैं। उन्होंने उनकी गर्दन पकड़ रखी है… हम प्रधानमंत्री की आंखों में डर देख सकते हैं। दो बातें हैं- पहली, एपस्टीन। 3 मिलियन फाइलें अभी भी बंद हैं…” राहुल गांधी ने कहा कि डॉलर को चुनौती दी जा रही है और अमेरिका के दबदबे को चुनौती दी जा रही है। उन्होंने कहा कि हम एक सुपरपावर वाली दुनिया से एक ऐसी नई दुनिया की ओर बढ़ रहे हैं जिसका हम अंदाजा नहीं लगा सकते। यह एक अस्थिर दुनिया है। इकोनॉमिक सर्वे भी यही कहता है और मैं इससे सहमत हूं।उन्होंने कहा कि अमेरिका और चीन के बीच मुकाबले में सबसे कीमती चीज भारतीय डेटा है। अगर अमेरिकी सुपरपावर बने रहना चाहते हैं और अगर अमेरिकी अपने डॉलर को बचाना चाहते हैं, तो उसके लिए भारतीय डेटा ही सबसे जरूरी है।राहुल गांधी ने कहा, “बहुत से लोग कहते थे कि आबादी एक बोझ है, आबादी एक आपदा है। नहीं, आबादी सबसे बड़ी संपत्ति है जो आपके पास हो सकती है। यह एक ताकत है। लेकिन यह तभी ताकत है जब आप उस डेटा को पहचानते हैं।”नेता प्रतिपक्ष ने कहा, “अगर ‘इंडिया अलायंस’ राष्ट्रपति ट्रंप के साथ बातचीत कर रहा होता, तो सबसे पहले हम प्रेसिडेंट ट्रंप से कहते कि इस इक्वेशन में सबसे जरूरी चीज भारतीय डेटा है। आप अपना डॉलर बचाना चाहते हैं? हम आपके डॉलर को बचाने में आपकी मदद करना चाहते हैं, लेकिन याद रखें कि अगर आप अपना डॉलर बचाना चाहते हैं, तो सबसे बड़ी एसेट जो आपके डॉलर को बचा सकती है, वह भारतीय लोगों के पास है।”कांग्रेस सांसद ने कहा कि प्रेसिडेंट ट्रंप, अगर आप इस डेटा का एक्सेस चाहते हैं, तो समझ लें कि आप हमसे बराबरी पर बात करेंगे। आप हमसे ऐसे बात नहीं करेंगे जैसे हम आपके नौकर हों।
