केंद्र सरकार द्वारा देश में खाद्यान्न की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण के लिए खुला बाजार

उत्तर प्रदेश राज्य लखनऊ शहर

केंद्र सरकार द्वारा देश में खाद्यान्न की बढ़ती कीमतों पर नियंत्रण के लिए खुला बाजार बिक्री योजना (घरेलू)” के तहत खाद्यान्न की बिक्री के निर्णय के अंतर्गत भारतीय खाद्य निगम, उत्तर प्रदेश ने पिछली 09 (नौ) ई-नीलामी के माध्यम से कुल 223100 मी. टन गेहूं एवं 08 (आठ) ई-नीलामी के माध्यम से 146660 मी. टन चावल की पेशकश की है जिसमे से 2092 बोलीदाताओं को कुल 171740 मी. टन गेहूं की बिक्री की गयी है। आगामी ई-नीलामी दिनांक 30.08.2023 को प्रस्तावित है जिसमे 25000 मी. टन गेहूं तथा 28320 मी. टन चावल की पेशकश की जाएगी एवं उसके लिए टेंडर दिनांक 25.08.2023 को एम जंक्शन पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा।
एफसीआई की ओर से मेसर्स एम जंक्शन द्वारा प्रत्येक बुधवार को ई-नीलामी आयोजित की जाती है, जिसके लिए निविदा शुक्रवार को वेबसाइट http://www.valuejunction.in/fci पर अपलोड की जाती है।
ई-नीलामी में प्रतिभाग लेने के इच्छुक बोलीदाताओं हेतु महत्वपूर्ण जानकारी:
क) एक पैन और एक जीएसटी पर एक बोलीदाता गेहूं के लिए अधिकतम 100 मीट्रिक टन की बोली लगा सकता है। पैन का मानदंड यह सुनिश्चित करने के लिए जोड़ा गया है कि छोटे और मध्यम रोलर आटा मिलें/आटा चक्की/प्रोसेसर, जिनकी स्थानीय स्तर पर उपस्थिति है, वे गेहूं की खुली बिक्री में भाग ले सके। चावल के ई-नीलामी में एक बोलीदाता एक जीएसटी पर 10-1000 मी. टन की बोली लगा सकता है।
ख) बोली लगाने वालों के लिए ईएमडी जमा करने की अंतिम तिथि मंगलवार के स्थान पर सोमवार शाम 6:00 बजे नक कर दी गई है। अब बोली दाता ईएमडी जमा शुक्रवार से सोमवार शाम 6 बजे तक ही कर पाएंगे।
ग) उत्तर प्रदेश में केवल वही खरीददार ई-नीलामी में प्रतिभाग के लिए योग्य होंगे जिनका जी०एस०टी० उत्तर प्रदेश में पंजीकृत है।
घ) प्रत्येक खरीददार को ई-नीलामी (दिन बुधवार) में प्रतिभाग करने हेतु अपने पास धारित स्टॉक की स्थिति की घोषणा खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग के गेहूं स्टॉक नियंत्रण पोर्टल पर अनिवार्य रूप से करनी होगी, जैसा की गेहूँ के MTF/NIT में उल्लेखित होगा।
च) ई-नीलामी प्रक्रिया में केवल वही बोलीदाता हिस्सा ले पाएंगे जो गेहूं का एक प्रोसेसर हो तथा आटा, मैदा, सूजी और दलिया जैसे गेहूं उत्पादों गेहूं के डेरिवेटिव के प्रसंस्करण के व्यवसाय से जुड़े हो एवं अपने प्रसंस्करण इकाई में संस्कारित कर संसाधित और पैक करते हों। प्रसंस्कृत गेहूं उत्पादों की रिलेबलिंग/विपणन (मार्केटिंग) जैसी तिविधियों से जुड़े व्यवसायी गेहूँ की ई-नीलामी में हिस्सा लेने हेतु योग्य नहीं हैं। चावल के ई-नीलामी में सूचीबद्ध व्यापारी/थोक खरीदार / चावल उत्पादों के निर्माता प्रतिभाग कर सकते हैं।
माह अगस्त 2023 में PDS की आवश्यकताओं की पूर्ति हेतु दिनांक 23.08.2023 कुल 173 रेक (56 गेहूं तथा 117 फोर्टीफाएड चावल) का परिचालन उत्तर प्रदेश के विभिन्न जनपदों के लिए किया गया जिसके द्वारा 1.60 लाख मी. टन गेहूं तथा 3.30 लाख मी. टन चावल की आपूर्ति हो चुकी है।
भारतीय खाद्य निगम क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ ने राज्य सरकार को आगामी खरीफ सत्र 2023-24 के दौरान मोटे अनाजों; मक्का, ज्वार और बाजरा की खरीद के लिए अपनी सहमति दे दी है। राज्य शासन से प्राप्त प्रस्तावित कार्ययोजना के अनुसार यूपी में 01.10.2023 से 31.12.2023 के बीच निम्नलिखित मात्रा में मोटा अनाज खरीदा
जाएगा:-
1. मक्का 2. ज्वार
3. बाजरा

50,000 मी. टन
30,000 मी. टन
5,00,000 मी. टन
12वीं राज्य स्तरीय समिति (एसएलसी) के दौरान यह निर्णय लिया गया है कि “रबी और खरीफ विपणन सीजन के लिए समेकित निविदाएं सारीफ विपणन सीजन 2023-24 से जारी की जाएंगी जिससे समग्र परिवहन लागत को कम करने में मदद मिलेगी

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