लंदन। दक्षिण-पूर्वी यूक्रेनी मारियुपोल क्षेत्र में संकटग्रस्त भारतीय नागरिक अभी भी फंसे हुए हैं। विशेष रूप से यहां के सूमी क्षेत्र में भारतीय नागरिकों को बाहर निकालने के लिए रूस और यूक्रेन के लिए मानवीय गलियारे पर सहमत होना जरूरी है। सूमी में करीब 700 भारतीय रहते हैं।
मारियोपोल में बिना भोजन, पानी, बिजली और हीटिंग के भूमिगत आश्रयों में सो रहे लगभग आधे लोगों को रविवार को निकाला जाना था, लेकिन संघर्ष विराम नहीं हो सका।
समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने कहा कि मास्को ‘यूक्रेन के दो मुख्य शहरों (कीव और खारकीव) के निवासियों को रूस और बेलारूस के गलियारों में जाने देगा। यूक्रेन ने इसे ‘अनैतिक स्टंट’ करार दिया।
–आईएएनएस
